चुनौतीपूर्ण दौर से गुजर रही है पत्रकारिता-चिन्मय पंडया।
हिंदी पत्रकारिता के दौ सौ वर्ष पूरे होने के उपलक्ष्य में प्रैस क्लब में आयोजित किया जा रहे हिंदी पत्रकारिता दिशताब्दी समारोह के तहत शुक्रवार को प्रैस क्लब सभागार में व्याख्यान माला का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ मुख्य अतिथी देव संस्कृति विवि के प्रतिकुलपति डा.चिन्मय पंडया, मुख्य वक्ता नेशनल यूनियन ऑफ जर्नलिस्ट इंडिया के राष्ट्रीय महासचिव प्रदीप कुमार तिवारी, निरंजनी अखाड़े के सचिव श्रीमहंत रामरतन गिरी, प्रेस क्लब अध्यक्ष धर्मेंद्र चौधरी एवं महामंत्री दीपक मिश्रा ने दीप प्रज्वलित कर किया। वरिष्ठ पत्रकार कौशल सिखोला, रजनीकांत शुक्ला, संजय आर्य, संदीप रावत ने स्मृति चिन्ह, रूद्राक्ष की माला एवं गंगाजली भेंटकर अतिथीयों का स्वागत किया।

मुख्य अतिथि देव संस्कृति विश्वविद्यालय शांतिकुंज के प्रतिकुलपति डा.चिन्मया पंड्या ने हिंदी पत्रकारिता के दौ सौ वर्ष पूरे होने की बधाई देते हुए कहा कि पत्रकारिता चुनौतीपूर्ण दौर से गुजर रही है। अघोषित चुनौती और विषम परिस्थितियों में पत्रकारों को कार्य करना पड़ता है। पत्रकारिता के दो धर्म हैं। एक गुस्सा भड़काता और दूसरा संवेदना जगाता है। पत्रकार लोगों में संवेदना जगाएं।
एनयूजेआई के राष्ट्रीय महामंत्री प्रदीप कुमार तिवारी ने कहा कि पत्रकारों की परिस्थिति बहुत चिंताजनक है। पत्रकारिता का दमन हो रहा है। प्रिंट मीडिया तथ्य के आधार पर खबर छपता है। लेकिन सोशल मीडिया इससे बहुत दूर है और सनसनी फैलाता है। उन्होंने कहा कि सरकार पत्रकारों और उनके परिवार के प्रति गंभीर नहीं है। एआई के आने से संस्थानों पत्रकारों की संख्या घटेगी। इसलिए पत्रकारों के हितों के लिए आयोग का गठन किया जाना चाहिए।
निरंजनी अखाड़ा के सचिव श्रीमहंत रामरतन गिरी ने कहा कि अच्छी पत्रकारिता कभी समाप्त नहीं हो सकती। पत्रकारों को सच दिखाना चाहिए।
प्रैस क्लब अध्यक्ष धर्मेन्द्र चौधरी एवं महामंत्री दीपक मिश्रा ने कहा कि सभी अतिथीयों का आभार व्यक्त करते हुए हिंदी पत्रकारिता के दौ सौ वर्ष पूरे होने पर आयोजित किए जा रहे द्विशताब्दी समारोह के अंतर्गत आयोजित किए जा रहे विभिन्न कार्यक्रमों में हिंदी पत्रकारिता और पत्रकारों के समक्ष चुनौतियों आदि विषयों पर गहन चिंतन मनन किया जा रहा है। जिसका लाभ पत्रकारिता और पत्रकारों को मिलेगा।

इस अवसर पर सुनील दत्त पांडे, रामचंद्र कन्नौजिया, राहुल वर्मा, काशीराम सैनी, आशु शर्मा, अविक्षित रमन, देवेंद्र शर्मा, श्रवण कुमार झा, बालकृष्ण शास्त्री, सागर जोशी, नरेश दीवान शैली, राहुल चौहान, शिवकुमार शर्मा, राधेश्याम विद्याकुल, प्रशांत शर्मा, विकास झा, डा.हिमांशु द्विवेदी, विकास चौहान, दयाशंकर वर्मा, कुमकुम शर्मा, सुनील शर्मा, प्रतिभा वर्मा, शिवा अग्रवाल, गुलशन नैयर, सुभाष कपिल, शैलेंद्र ठाकुर, विजेंद्र हर्ष, रतनमणि डोभाल, दीपक नौटियाल, आदेश त्यागी, रजनीकांत शुक्ला, महेश पारिख, तनवीर अली, रामचंद्र कन्नौजिया, अमरीश कुमार, लव कुमार शर्मा, आदि सहित बड़ी संख्या में पत्रकारों के साथ कमला जोशी, प्रदीप चौधरी, विजयपाल बघेल, डा.विशाल गर्ग, संतोष चौहान, जगदीश लाल पाहवा, अंजू द्विवेदी, ऋषि शर्मा, पार्षद परमिंदर सिंह गिल आदि अतिथी मौजूद रहे।


