रानीपुर मोड़ स्थित संस्कृति स्कूल में नवरात्रि एवं दशहरा पर्व के अवसर पर रंगारंग कार्यक्रम का आयोजन किया गया। नन्हे-मुन्ने बच्चों ने पारंपरिक परिधानों में गरबा की मनमोहक प्रस्तुतियाँ दीं।
विद्यालय की प्रधानाचार्या श्रीमती श्वेता सहगल ने प्रातःकालीन सभा में बच्चों को माँ दुर्गा के नौ स्वरूपों एवं दशहरा पर्व के महत्व से परिचित कराया। उन्होंने बताया कि दशहरा बुराई पर अच्छाई और असत्य पर सत्य की विजय का प्रतीक है। उन्होंने बच्चों को अच्छे संस्कार अपनाने तथा सदैव सत्य के मार्ग पर चलने की प्रेरणा दी।
बच्चों को पर्यावरण संरक्षण का महत्व समझाते हुए इको-फ्रेंडली दशहरा मनाने के लिए प्रेरित किया गया। निदेशिका श्रीमती दिव्या पंजवानी ने भी बच्चों को सत्य के मार्ग पर चलने और बुराई से दूर रहने का संदेश दिया।
इस अवसर पर कक्षा अध्यापिकाओं ने बच्चों से विभिन्न रचनात्मक कलाकृतियाँ बनवाईं। बच्चों ने पॉप्सिकल स्टिक की सहायता से सुंदर स्वास्तिक की आकृति बनाई तथा लक्ष्मी जी के चरण और भगवान श्रीराम के धनुष जैसी कलाकृतियों के माध्यम से अपनी रचनात्मक प्रतिभा का प्रदर्शन किया।
कार्यक्रम का समापन उत्साह और उल्लास के साथ हुआ। विद्यालय परिवार ने सभी बच्चों एवं अभिभावकों को नवरात्रि एवं दशहरा पर्व की हार्दिक शुभकामनाएँ दीं।



